Hindi Insight: Apr 10, 2026

बड़ी खबर: मनरेगा की जगह अब ‘VB-G RAM G’ योजना, ग्रामीण श्रमिकों को मिलेगा 125 दिन का गारंटीशुदा काम!

केंद्र सरकार ने ग्रामीण भारत में रोजगार और आजीविका को बढ़ावा देने के लिए एक ऐतिहासिक बदलाव की घोषणा की है। 1 अप्रैल, 2026 से, महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) की जगह अब ‘विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड अजीविका मिशन (ग्रामीण)’ (VB-G RAM G) नामक एक नई और व्यापक योजना लागू हो गई है, जिसका उद्देश्य देश के लाखों ग्रामीण परिवारों को सीधा लाभ पहुँचाना है।

प्रमुख विवरण:
* **योजना का नाम और शुरुआत:** मनरेगा (MGNREGA) की जगह अब ‘विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड अजीविका मिशन (ग्रामीण)’ (VB-G RAM G) अधिनियम, 2025, 1 अप्रैल, 2026 से प्रभावी हो गया है।
* **बढ़े हुए कार्य दिवस:** नई योजना के तहत, ग्रामीण परिवारों को अब सालाना 100 की जगह 125 दिनों का गारंटीशुदा रोजगार मिलेगा, जिससे उनकी आय और आर्थिक सुरक्षा में वृद्धि होगी।
* **वित्तीय भागीदारी में बदलाव:** इस योजना में केंद्र और राज्यों के बीच वित्तीय जिम्मेदारी का पुनर्गठन किया गया है, जिसके तहत बड़े राज्यों को कुल व्यय का 40% वहन करना होगा।
* **काम की नई श्रेणियां:** रोजगार के अवसरों को बढ़ाने के लिए, काम को जल सुरक्षा, ग्रामीण बुनियादी ढांचा, आजीविका संबंधी बुनियादी ढांचा और आपदा लचीलापन जैसी चार प्रमुख श्रेणियों में बांटा गया है।
* **डिजिटल पारदर्शिता:** योजना में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के लिए, 2 मार्च, 2026 से पूरे देश में फेस ऑथेंटिकेशन (चेहरा स्कैन) के माध्यम से डिजिटल हाजिरी अनिवार्य कर दी गई है।
* **बजट आवंटन में वृद्धि:** ग्रामीण विकास के लिए 2026-27 के बजट आवंटन में पिछले एक दशक में 211% से अधिक की उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है, जो 2.73 लाख करोड़ रुपये तक पहुँच गया है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर विकास कार्यों को बल मिलेगा।

प्रभाव:
यह ऐतिहासिक कदम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति प्रदान करेगा, जिससे ग्रामीण परिवारों की क्रय शक्ति में वृद्धि होगी और गरीबी उन्मूलन में मदद मिलेगी। योजना में बढ़ी हुई पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ, ग्रामीण क्षेत्रों में टिकाऊ संपत्तियों का निर्माण भी सुनिश्चित होगा, जो आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को मजबूत करेगा और गांवों से शहरों की ओर पलायन को कम करने में सहायक होगा।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *